कुछ ख़्वाब आज पूरे हुए,
कुछ और अधूरे बाकी हैं!
जीने लगा हूँ जिंदगी को मैं,
पर जीत जिंदगी में अभी बाकी है!
कुछ ख्वाहिशें आज जगी हैं मन में,
कुछ ख्वाहिशों के शहर में जगाना बाकी हैं!
सफर तय किए हैं कई इस मुसाफिर ने,
पर अभी मुकाम जिंदगी में बाकी है!
इम्तिहान भले ही अधूरे हो जिंदगी में,
पर मुझ में हौसले अभी बाकी हैं!
कुछ ख़्वाब आज पूरे हुए,
कुछ और अधूरे बाकी हैं!
-- धीरेन्द्र (धीर)..,
कुछ और अधूरे बाकी हैं!
जीने लगा हूँ जिंदगी को मैं,
पर जीत जिंदगी में अभी बाकी है!
कुछ ख्वाहिशें आज जगी हैं मन में,
कुछ ख्वाहिशों के शहर में जगाना बाकी हैं!
सफर तय किए हैं कई इस मुसाफिर ने,
पर अभी मुकाम जिंदगी में बाकी है!
इम्तिहान भले ही अधूरे हो जिंदगी में,
पर मुझ में हौसले अभी बाकी हैं!
कुछ ख़्वाब आज पूरे हुए,
कुछ और अधूरे बाकी हैं!
-- धीरेन्द्र (धीर)..,

No comments:
Post a Comment