नशा जीवन का नाश है।
समाज का विनाश है।
नशा उन्नति में बाधा है।
समाज में इसकी पकड़ ज्यादा है।
उजाड़ा नशे ने घरों को।
बिगाड़ा नशे ने मासूमो को।
कितनों को बेघर किया।
युवाओं को बर्बाद किया।
नशा जीवन का नाश है।
समाज का विनाश है।
आओ मिलकर प्रण लें।
मन में दृण संकल्प लें।
नशा मुक्ति अभियान चलायें,
देश को आगे बढ़ाये।
© धीरेन्द्र सिंह बिष्ट
समाज का विनाश है।
नशा उन्नति में बाधा है।
समाज में इसकी पकड़ ज्यादा है।
उजाड़ा नशे ने घरों को।
बिगाड़ा नशे ने मासूमो को।
कितनों को बेघर किया।
युवाओं को बर्बाद किया।
नशा जीवन का नाश है।
समाज का विनाश है।
आओ मिलकर प्रण लें।
मन में दृण संकल्प लें।
नशा मुक्ति अभियान चलायें,
देश को आगे बढ़ाये।
© धीरेन्द्र सिंह बिष्ट
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